FUCKING ISLAM

FUCKING ISLAM

  • WpView
    LECTURAS 16
  • WpVote
    Votos 0
  • WpPart
    Partes 1
WpMetadataReadContinúa
WpMetadataNoticeÚltima publicación vie, ago 16, 2019
FUCKING ISLAM
Todos los derechos reservados
Únete a la comunidad narrativa más grandeObtén recomendaciones personalizadas de historias, guarda tus favoritas en tu biblioteca, y comenta y vota para hacer crecer tu comunidad.
Illustration

Quizás también te guste

  • औरत(Women) 18+
  • Is It A Defeat?
  • The Angel in Disguise
  • Pyaar Aur Junoon
  • Tere liye
  • नई सड़क पार्ट -3 (मुक्ति) 18+
  • 𝓥𝓪𝓲𝓭𝓮𝓱𝓲 - 𝐇𝐢𝐬 𝐈𝐬𝐡𝐪
  • नागव्रत
  • Mirror Mirror On The Wall ( ON HOLD )

"" टांगे पूरी खोल !! हाथ पीछे कर ! फिर वो धुंधला साया नीचे लेटी औरत के मुंह पर तमाचो की बौछार कर देता है ! जब वो धुंधला साया उस औरत को बेरहमी से मारता था तो अवनी की नींद सहम कर खुल जाती थी "" " क्या हर रिश्ता एक औरत के लिए हिफाज़त से भरा होता है ?? हर रिश्ते में एक औरत "अपनापन" ढूंढती है ! क्या उसे सच में हर रिश्ते में अपनापन मिलता है ?? क्यों हर नज़र एक औरत के जिस्म को भूखे भेड़िए की तरह देखती है ?? औरत होना क्या आज के युग में पाप है ? अपने मन की पीड़ा औरत किससे कहे ?? हर रिश्ते की तरफ वो उम्मीद की नजरों से देखती है कि कोई तो हो जो उससे उसका दर्द पूछे ? क्या पूरी जिन्दगी सहते रहना ही एक "औरत" का धर्म है ?? इन सब सवालों में जूझती एक "लड़की " की आप बीती .. जिसको इस बेरहम समाज ने कब "औरत" बना दिया कि उसे भी नही पता लगा !

Más detalles
WpActionLinkPautas de Contenido